मुख्यमंत्री नायब सैनी के जवाब में वंदेमातरम का जिक्र आने पर कांग्रेस सदस्यों का हंगामा, वॉकआउट
राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पारित

हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र के छठे दिन की बैठक में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर हुई चर्चा के जवाब में मुख्यमंत्री नायब सैनी के संबोधन में वंदे मातरम् का जिक्र आने पर कांग्रेस सदस्यों ने हंगामा किया और सदन से वॉक आउट कर गए।मुख्यमंत्री के जवाब के बाद धन्यवाद प्रस्ताव पारित कर दिया गया।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि मुस्लिम लीग के विरोध के कारण 1937 में नेहरू ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस को पत्र लिखा कि यह मुस्लिमों की भावनाओं के खिलाफ है। कांग्रेस ने वंदे मातरम् पर समझौता कर लिया और इसके टुकड़े कर लिए। कांग्रेस ने मुस्लिम लीग के सामने घुटने टेक दिए।
इसके बाद सदन में कांग्रेस ने हंगामा किया। स्पीकर हरविंद्र कल्याण ने विधायकों को शांत कराने की कोशिश की। इसके बाद कांग्रेस ने सदन से वॉकआउट कर दिया। इस पर नायब सैनी ने कहा कि ये सवाल करते हैं। जब इन्हें जवाब देते हैं तो ये वॉकआउट कर जाते हैं। कुछ देर बाद कांग्रेस विधायक सदन में वापस आ गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने प्रदेश में बेरोजगारी बढ़ने का आरोप लगाया है। हैरानी की बात है कि जब एच पी एस सी और एच एस एस सी पर चर्चा हुई, तो सदन से वॉकआउट कर गए। इन्होंने यह तो बताया कि बेरोजगारी बढ़ गई है, लेकिन इस बार इन्होंने आंकड़ा नहीं दिया।हर बार एक प्राइवेट एजेंसी हायर करके बेरोजगारी के आंकड़ों की रिपोर्ट बनवाते थे, और उसे छपवाते थे। यह सरकार नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चल रही है। आज भारत के रिजर्व बैंक के अनुसार बेरोजगारी दर 3.29 प्रतिशत है, जो उत्तरी भारत के सभी राज्यों में सबसे कम है। ये आरबीआई की रिपोर्ट को भी झूठी बताते हैं, और अपनी प्राइवेट रिपोर्ट को सच बताते हैं। जम्मू और हिमाचल में 5 प्रतिशत, दिल्ली में 6 प्रतिशत, पंजाब में 5.4 प्रतिशत और राजस्थान में 3.6 प्रतिशत बेरोजगारी दर है। हिमाचल में इनकी सरकार है, जहां 1.5 प्रतिशत बढ़ी है, और जम्मू में 1.6 प्रतिशत बढ़ी है। हरियाणा में बेरोजगारी दर 2.7 प्रतिशत की दर से कम हुई है।
हरियाणा में शहरी बेरोजगारी दर 4 प्रतिशत है, जबकि हिमाचल में 10 प्रतिशत, जम्मू में 11 प्रतिशत और चंडीगढ़ में 7 प्रतिशत है। हरियाणा सरकार ने 1 लाख 80 हजार से ज्यादा युवाओं को रोजगार दिया है, जबकि कांग्रेस ने 10 साल के दौरान मात्र 86 हजार युवाओं को नौकरी दी थी। हमने हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत युवाओं को प्राइवेट ठेकेदारों के शोषण से मुक्त किया है, और उन्हें 58 साल तक नौकरी सुरक्षित करने का अधिकार भी दिया है। इससे 1 लाख 22 हजार युवाओं को नौकरी मिली है।
नायब सैनी ने कहा कि खिलाड़ियों के सम्मान और सुरक्षा को लेकर सरकार पूरी तरह से संवेदनशील है। किसी भी दुर्घटना की स्थिति में जिम्मेदारी से मुंह नहीं मोड़ा गया है। हमने जवाबदेही तय की है, और आगे बढ़कर काम करना है। कारणों की समीक्षा की गई है, और सुधारात्मक कदम उठाए गए हैं। 11 साल में खेलों के क्षेत्र में बड़ी प्रगति की है। हर जगह पर हमारे खिलाड़ियों ने भारत का परचम लहराया है।
खेलो इंडिया और फिट इंडिया जैसे अभियानों को जन आंदोलन बनाया गया है। हमने पूरे राज्य में खेल सुविधाओं के व्यापक विकास का बीड़ा उठाया है। 989 करोड़ रुपए हमने खेल संरचना के विकास पर 11 साल में खर्च किए हैं। हमने खेल बजट को दोगुना किया है।
कांग्रेस के 10 साल के दौरान खेल बजट 275 करोड़ रुपए था, जबकि हमने इस वित्त वर्ष में 590 करोड़ रुपए का प्रावधान किया था। हरियाणा में 3 राज्य स्तरीय, 21 जिला स्तरीय, 25 उपमंडल स्तरीय खेल स्टेडियम और 9 मल्टीपर्पज हॉल बनाए गए हैं। हमने खेल विश्वविद्यालय की स्थापना की है।हमारी सरकार ने न केवल खेल सुविधाएं दी हैं, बल्कि खिलाड़ियों के भविष्य को सुरक्षित करने का भी प्रबंध किया है। क्लास वन से क्लास फोर तक आरक्षण दिया गया है। 231 खिलाड़ियों को हमारी सरकार ने नौकरी देने का काम किया है, और पदक विजेता खिलाड़ियों को 6 करोड़ रुपए तक देने का काम किया है। हमारी सरकार ने खिलाड़ियों को 641 करोड़ रुपए के पुरस्कार दिए हैं।
नायब सैनी ने कहा कि विपक्ष के सदस्यों ने कहा कि कानून व्यवस्था सही नहीं है। हम प्रदेश में शांति, सुरक्षा व कानून के राज को सबसे ज्यादा प्राथमिकता देते हैं।इसके परिणाम भी धरातल पर दिखाई दे रहे हैं। नए आपराधिक कानूनों को लागू करने में हरियाणा दूसरे नंबर पर है। राज्य में बेहतर जांच व मॉडर्न पुलिसिंग के कारण सजा की दर 74 प्रतिशत बढ़ी है।
सीएम सैनी ने कहा कि 2014 से 25 तक क्राइम रेट 1.75 रहा जबकि कांग्रेस के समय में 2004 से 2014 तक यह 3 प्रतिशत से अधिक थी। हरियाणा पुलिस की आधुनिकता बढ़ाने के लिए 300 करोड़ रुपए खर्च किए हैं। डायल 112 के लिए 9 मिनट 44 रिस्पांस टाइम दर्ज हुआ है।
हरियाणा सरकार नशीले पदार्थों के खिलाफ तेजी से काम कर रही है। लोगों को जागरूक किया जा रहा है, और नशा पीड़ितों की पहचान कर उनका इलाज करवाया जा रहा है। पंचकूला में उत्तर भारत के 7 राज्यों के लिए एक कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां पर सूचनाएं साझा होती हैं। एनडीपीएस के मामलो में पिछले साल के मुकाबले 35 प्रतिशत गिरफ्तारी बढ़ी हैं।नशा तस्करों की 53 करोड़ की संपति को जब्त किया। 118 करोड़ की संपति को धवस्त किया है। 7 हजार 523 लोगों की पहचान कर उनका इलाज करवाया गया है। हरियाणा में 5 साल के दौरान तस्करी में 26 हजार अपराधियों को जेल भेजा है। पिछले साल 1 हजार बड़े तस्करों से बड़ी मात्रा में ड्रग्स बरामद हुए हैं।
अंडर ट्रायल मुकदमों में सजा की दर को 41 से 54 प्रतिशत किया है। नशे के शिकार लोगों के लिए 161 नशा मुक्ति व परामर्श केंद्र भी खोले हैं। सैनी ने कहा कि विपक्ष ने आरोप लगाया कि किसानों के मुआवजे का पैसा नहीं दिया। हरियाणा में भारी बारिश के कारण जब बाढ़ आई, तो मैं स्वयं गया, लेकिन विपक्षी कहीं नहीं दिखाई दिए।
15 सितंबर तक क्षतिपूर्ति पोर्टल खोलकर 53 हजार 821 किसानों को 116 करोड़ रुपए भेजे गए।यह पैसा किसानों के खातों में गया है। बाजरा के लिए 35 करोड़ और धान के लिए 22 करोड़ रुपए भावांतर भरपाई योजना में दिए गए हैं। बाढ़ के चलते पशुधन की हानि हुई, और जिनके घर गिर गए, उनके लिए 4 करोड़ 72 लाख रुपए उन तक पहुंचाए गए हैं।
विपक्षियों ने किसानों को मुआवजे की बात कही, इस बारे में भी हम जांच करवाएंगे। जांच के दौरान यह पाया गया कि पोर्टल पर पटवारी के द्वारा कई-कई फोटो डाली गई थीं, जिसे चेक किया गया। पटवारियों ने डुप्लीकेट फोटो डाले, जिस पर संज्ञान लिया गया है। जो किसान प्रभावित हुए हैं, उन तक मुआवजा पहुंचाने का काम किया जाएगा। हमने ऐसे पटवारियों को सस्पेंड किया है।



